विडियो: निगम सभापति ने निगम के बनाए मार्केटों में किया घोटाला उजागर, 7 दुकानों पर अवैध कब्ज़ा

नगर निगम सभापति ने आयुक्त को पत्र लिखकर लगाए आरोप, कार्रवाई की मांग की, नाहर दरवाजा की सात दुकानों पर अवैध कब्जा

देवास। नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार इस हद तक जा सकता है की खुद निगम सभापति को आगे आ कर बार बार घोटालों को उजागर करना पड़ रहा है। अब नगर निगम के बनाए मार्केटों में दूकान और फ्लैट आवंटन में बड़ा घोटाला उजागर हुआ है। निगम सभापति ने इसके लिए एक शिकायती पत्र निगम आयुक्त नरेंद्र सूर्यवंशी को लिखा है।

शिकायत क अनुसार शास्त्री मार्केट में आवंटन के बाद कुछ दुकानों और फ्लैट्स के मालिकों ने न समय पर राशि जमा करवाई न अनुबंध करवाए और न ही रजिस्ट्री करवाई। यही नहीं अलोट पायगा स्थित  निगम की सात दुकानों पर कुछ लोगों ने अवैध कब्जा भी कर रखा है। लेकिन संबंधित विभाग के अधिकारी, कर्मचारी सब जानते हुए चुप्पी साधे बैठे हैं।

15 फरवरी को लिखे पत्र में सभापति एहमद ने लिखा है कि निगम के स्वामित्व वाले शास्त्री मार्केट की दुकान नंबर 18, 19, व 37 और फ्लैट  नंबर 10 जिन्हें आवंटित किए गए थे उन लोगों ने दुकान व फ्लैट्स की राशि समय पर जमा नहीं करवाई थी। इसके लिए जब निगम ने पत्र लिखे तो 2013 में राशी जमा की। जबकि नियमानुसार उन्हें राशि 30 दिनों में जमा कर अनुबंध करवाना था। इतना ही नहीं लोगों ने शेष राशि जमा करने के बाद भी रजिस्ट्री नहीं करवाई। जिससे शासन को स्टांप ड्यूटी की हानि हुई है।

 अंसार एहमद ने पत्र में लिखा है कि निगम के स्वामित्व वाले मार्केट में अरक्षित श्रेणी की दुकानें खरीदकर दुकान व भवन मालिकों ने बिना अनुमति लिए उन्हें अधिक दामों पर बेच दिए हैं। इससे नगर निगम को आर्थिक नुकसान हुआ है। साथ ही शासन द्वारा निर्धारित आरक्षण प्रक्रिया का भी उल्लंघन किया गया है। इसके अलावा कुछ लोगों ने दुकान व फ्लैट्स किराए पर भी दे दिए हैं।

जिन लोगों को दुकानें और फ्लैट्स आवंटित हुए थे वे राजनीतिक दलों से जुड़े हैं। इन लोगों ने आवंटन के सालों बाद साल 2013 में राशि जमा करवाई थी। बताया जाता है कि यह राशि इसलिए जमा करवाई गई थी क्योंकि अगले साल चुनाव होना थे और इसके लिए उन्हें एनओसी की जरुरत थी। बताया जाता है कि यदि उक्त लोगों को चुनाव में भाग नहीं लेना होता तो वे यह राशि भी जमा नहीं करवाते।

यही नहीं शास्त्री मार्केट में आबिद नाम के एक व्यक्ति ने दूकान आवंटित करवाई लेकिन वह आज तक वापस नहीं आया। अब कुछ लोग उसकी दूकान पर कब्ज़ा करना चाहते और गैरक़ानूनी तरीके से दूकान हासिल करने का प्रयास भी कर रहे हैं।

सात दुकानों पर अवैध कब्जा

अपने पत्र में सभापति ने लिखा कि नाहर दरवाजा क्षेत्र में निगम के मार्केट की सात दुकानें आज तक आवंटित नहीं की गई है। जबकि इन पर कुछ दबंग लोगों ने कब्जा कर रखा है। इस बात की जानकारी संबंधित विभाग के अधिकारियों भी है, लेकिन संबंधित लोगों पर आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे निगम को लाखों रुपए के राजस्व की हानि हुई है। इसके लिए सभापति ने संबंधित दोषी अधिकारी, कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की है।

office sale