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जिलाधीश एवं पुलिस अधीक्षक से की उदयनगर पुलिस द्वारा कार्यवाही नहीं करने की शिकायत

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देवास। पोलाखाल उदय नगर निवासी सोमाताबाई पति पप्पूजी चौहान ने जिलाधीश एवं पुलिस अधीक्षक को उदयनगर पुलिस द्वारा उचित कार्यवाही नहीं करने की शिकायत करते हुए आवेदन दिया।

आवेदन में बताया कि मैं और मेरे पति पोलाखाल इंदौर वाले की कृषि भूमि पर पानत (सिंचाई) करते थे। वहीं पर पास में सुमेरसिंह की कृषि भूमि भी है। जिस भूमि पर हम सिंचाई करते थे उस पर प्याज के बीज लगे थे एक दिन सुमेरसिंह सुमेरसिंह ट्रेक्टर लेकर प्याज लगी भूमि पर चलाने लगा जिस पर मेरे पति और उसके बीच विवाद हुआ। इसके पश्चात 14 दिसम्बर को सुमेरसिंह शराब लेकर मेरे पति के साथ शराब पीने लगा तब फिर इन दोनों का विवाद हुआ और सुमेरसिंह ने मेरे पति का मुंह दबा दिया मैने बीच बचाव किया तो उसने कहा कि तू बीच में मत बोल नहीं तो मैं तुझे भी मार दूगा और अगर किसी को बताया ािक बहुत बुरा होगा। इसके बाद मैं अपने मामा के लडके के साथ किशनगढ चली गई, सुमेर ने मुझे धमकी दी थी इसलिए मैने किसी को कुछ नहीं बताया। 15 दिसम्बर को सुबह सुमेरसिंह ने फोन लगाकर बताया कि तुम यहां आकर देख लो कि तुम्हारा पति जिंदा है या नहीं। मैं सुबह 8 बजे अपने पिता केे साथ ग्राम पोलाखाल गई वहां जाकर देखा तो दरवाजा बाहर से बंद था और खिड़की खुली हुई थी जाली टूटी हुई थी। मैने अंदर जाकर देखा तो मेरा पति मरा हुआ था।

पुलिस को सूचना देने पर पुलिस आ गई और मेरे पति के पोस्ट मार्टम के बाद लाश हमारे सुपुर्द कर दी। मुझे एवं मेरे परिवार वालों को विश्वास है कि मेरे पति के साथ सुमेरसिंह ने कोई घटना कारित की है, मेरे पति के गले में सूजन थी। इस पर पुलिस थाना उदयनगर में 27 दिसम्बर को लिखित आवेदन दिया गया किंतु पुलिस द्वारा कोई कार्यवाही नहीं की जा रही हैं। डॉक्टर ने पोस्ट मार्टम की रिपोर्ट में हार्टअटेक से मृत्यु होना और शराब पीना बताया लेकिन मृतक के गले में चोट का निशान होना नहीं बताया। इस संबंध में हमारे द्वारा सीएम हेल्पलाईन पर भी शिकायत की गई जिस पर उदयनगर पुलिस द्वारा मुझे धमका कर कहा जा रहा है कि तुम्हारे पति की मौत हार्टअटेक से हुई है इस पर कोई केस नहीं बनता तुम अपनी शिकायत वापस लो। प्रार्थी नेे पुलिस अधीक्षक एवं जिलाधीश से मांग की है कि इस प्रकरण की उचित जांच करवाकर दोषियों के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही की जाए।

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